बीजेपी सरकार ने पिछले साल 23 जुलाई को अपने यूनियन बजट में नई इनकम टैक्स रिजीम का ऐलान किया था। वहीं इस साल के बजट में ऐलान किया गया कि नई टैक्स रीजीम के तहत टैक्सपेयर्स को 12 लाख तक की इनकम में कोई टैक्स नहीं देना पड़ेगा। आज हम जानेंगे कि आपको कब ओल्ड टैक्स से नई इनकम टैक्स रिजीम में स्विच करना चाहिए ।
वित्त वर्ष 2024-25 खत्म होने में बस कुछ समय में का वक्त रह गया है। 1 अप्रैल से नया वित्त वर्ष 2025-26 शुरू हो जाएगा। अगर आपने अभी तक टैक्स पेय नहीं किया है, तो आपके पास 31 मार्च 2025 तक का समय है।
मौजूदा समय में, टैक्सपेयर्स के पास टैक्स भरने के लिए नई टैक्स रिजीम (New Tax Regime) और ओल्ड टैक्स रिजीम (Old Tax Regime) का ऑप्शन है। लेकिन अक्सर हम इन दोनों में कन्फ्यूजन रहते हैंं। कोई भी इंडिविजुअल टैक्सपेयर नई टैक्स रिजीम से ओल्ड टैक्स रिजीम में स्विच कर सकता है।
मान लीजिए अगर आपने वित्त वर्ष 2024-25 में इनकम टैक्स भरने के लिए ओल्ड टैक्स रिजीम का इस्तेमाल किया है, तो अब आप वित्त वर्ष 2025-26 में नई टैक्स रिजीम का इस्तेमाल कर सकते हैं। आप चाहे तो ठीक इसका विपरीत भी कर सकते हैं।
नए टैक्स रिजीम की घोषणा हमारे देश की मौजूदा केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा जुलाई में पेश हुए यूनियन बजट के दौरान की गई थी।
नई टैक्स रिजीम में ये बदलाव
इस साल के बजट (2025-26) में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह घोषणा की नई टैक्स रिजीम में 12 लाख रुपये तक की इनकम पर कोई टैक्स नहीं देना होगा। वहीं ये भी देखा गया है कि नई टैक्स रिजीम के स्लैब में बदलाव किए गए हैं। जैसे नई टैक्स रिजीम के तहत 4 लाख से 8 लाख रुपये तक इनकम पर 5 फीसदी टैक्स है। इसके अलावा 8 लाख से 10 लाख में 10 फीसदी और 12 लाख से 16 लाख की इनकम पर 15 फीसदी टैक्स देना होगा।
इसके अलावा 16 लाख से 20 लाख की इनकम पर 20 फीसदी टैक्स और 20 लाख से 24 लाख तक की इनकम पर 25 फीसदी टैक्स देना अनिवार्य है।
इन डिडक्शन का नहीं मिलता फायदा
नई टैक्स रिजीम में आप कई तरह के टैक्स डिडक्शन क्लेम नहीं कर पाएंगे। नई टैक्स रिजीम के तहत आप सेक्शन 80सी, सेक्शन 80डी, होम लोन आदि पर मिलने वाले टैक्स डिडक्शन का फायदा नहीं ले पाएंगे। हालांकि आपको इसके तहत 12 लाख रुपये तक की इनकम पर कोई टैक्स नहीं देना होगा।
अगर आप 12 लाख तक की इनकम पर कोई टैक्स नहीं देना चाहते, तो इसके लिए नई टैक्स रिजीम का इस्तेमाल करना होगा। क्योंकि ओल्ड टैक्स रिजीम के तहत आपको ये ऑफर नहीं मिलता है।