नोएडा एयरपोर्ट तक टोल-फ्री एक्सप्रेसवे का प्रस्ताव फंसा, JP इन्फ्राटेक टोल वसूली पर अड़ी
ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे को नोएडा एयरपोर्ट तक टोल फ्री रखने की यीडा यामुना प्राधिकरण (यीडा) की कोशिश अभी सफल नहीं हुई है। सेक्टर 28 व 21 में यीडा सिटी की एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी के लिए बने रैंप को एक्सप्रेसवे का संचालन कर रही कंपनी जेपी इन्फ्राटेक टोल मुक्त करने को तैयार नहीं है।
सेक्टर 28 का रैंप बनकर तैयार हो चुका है। सेक्टर 21 के रैंप का अभी निर्माण होना है। औद्याेगिक सेक्टर और फिल्म सिटी मेंं आने वाले भारी वाहनोंं की जरूरत को देखते हुए यीडा ने रैंप निर्माण पर करोड़ों रुपये खर्च किए हैं।
यीडा अधिकारियों ने कंपनी को साफ कर दिया है कि लिंक एक्सप्रेसवे और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के यमुना एक्सप्रेसवे से जुड़ने पर उसे अतिरिक्त यातायात मिलेगा, इसलिए एयरपोर्ट से पहले यीडा सिटी की कनेक्टिविटी के लिए बने रैंप पर टोल वसूली को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
यमुना एक्सप्रेसवे को अगस्त 2012 मेंं यातायात के लिए खोला गया था। ग्रेटर नोएडा से आगरा तक 165 किमी लंबे एक्सप्रेसवे पर प्रतिदिन करीब 30 हजार वाहन गुजरते हैं। प्रदेश के पहले एक्ससेस कंट्रोल एक्सप्रेस वे पर जेवर, मथुरा और आगरा में मुख्य मार्ग पर टोल वसूली की व्यवस्था है।
दनकौर, जेवर समेत अन्य जिलों के जोड़ने वाले मार्गों पर भी रैंप प्लाजा पर टोल वसूली होती है। नोएडा एयरपोर्ट और यीडा सिटी की कनेक्टिविटी के लिए एक्सप्रेसवे पर रैंप की संख्या बढ़ृ गई है। यीडा ने औद्योगिक सेक्टर 28 और प्रस्तावित फिल्म सिटी के सेक्टर 21 को एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी के लिए यीडा ने रैंप का निर्माण कराया है।
इस पर यीडा ने करीब 10 से 12 करोड़ खर्च हुए हैं। हालांकि किसानों के विवाद के कारण अभी फिल्म सिटी को जोड़ने वाले रैंप का निर्माण पूरा नहीं हुआ है।
यीडा की कोशिश है कि एयरपोर्ट तक यमुना एक्सप्रेसवे और यीडा सिटी को जोड़ने वाले रैंप पर कोई टोल की वसूली न हो। टोल की वसूली होने से वाहन चालक एक्सप्रेसवे पर जाने से बचेंगे। इससे यीडा की साठ मीटर चौड़ी सड़क पर दबाव काफी बढ़ जाएगा। औद्योगिक सेक्टर मेंं आने जाने वाले वाहनों को भी दिक्कत होंगी।
यीडा ने दनकौर रैंप पर वसूले जा रहे टोल को बंद करने के लिए जेपी इंफ्राटेक को पत्र खिला था, लेकिन अभी तक इसे बंद नहीं किया गया है। इससे सेक्टर 28 व 21 के रैंप पर भी टोल वसूली की संभावना बनी हुई है। जेपी इन्फ्राटेक यीडा को साफ कर चुकी है कि एक्सप्रेसवे पर उसका 36 साल के लिए टोल वसूली का अनुबंध है।
एक्सप्रेसवे पर जितने भी एक्सेस हैं, उस पर वह टोल वसूल कर सकती है, लेकिन यीडा इसके लिए तैयार नहीं है। यीडा के एसीईओ शैलेंद्र भाटिया का कहना है कि निर्माण एवं अनुबंध के समय यमुना एक्सप्रेसवे की अन्य एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी की कोई योजना नहीं थी। आज यमुना एक्सप्रेसवे की दिल्ली मुंबई एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी हो गई है। गंगा एक्सप्रेसवे से भी कनेक्टिविटी प्रस्तावित है।
एयरपोर्ट शुरू होने जा रहा है। इससे यमुना एक्सप्रेसवे को अतिरिक्त वाहन मिलेंगे। जिससे जेपी इंफ्राटेक की टोल वसूली में काफी बढ़ोतरी होगी। यीडा सिटी की कनेक्टिविटी के लिए बने रैंप पर टोल वसूली से शहर में आवाजाही के लिए भविष्य मेंं अड़चन बढ़ेगी।